अहमदाबाद | विशेष रिपोर्ट | HeadlineSip
गुजरात के अहमदाबाद शहर में सोमवार सुबह का सूरज एक ऐतिहासिक घटनाक्रम की गवाही बना—जब राज्य सरकार ने अब तक का सबसे बड़ा अतिक्रमण-विरोधी अभियान छेड़ दिया। 74 JCB मशीनें, 200 ट्रक, 3000 पुलिसकर्मी और 1800 नगर निगम कर्मचारी—इस अभूतपूर्व समन्वय के साथ ऑपरेशन की शुरुआत हुई, जिसने एक पूरे ‘अवैध साम्राज्य’ की नींव हिला दी।
टारगेट पर था कुख्यात ‘लाला बिहारी’, जो न केवल एक भूमाफिया था, बल्कि प्रशासन के अनुसार—एक ‘डेमोग्राफिक इंजीनियर’ भी। पुलिस की रिपोर्ट के मुताबिक, लाला बिहारी ने बांग्लादेश से अवैध तरीके से आए मुसलमानों को अहमदाबाद के विभिन्न हिस्सों में बसा कर आबादी का धार्मिक संतुलन बिगाड़ने का सुनियोजित प्रयास किया।

क्या है पूरा मामला?
चाँदपुर, जूहापुर और सरखेज जैसे इलाकों में वर्षों से बसी अनधिकृत बस्तियों की जड़ें केवल ज़मीन पर नहीं थीं, बल्कि एक बड़ी राजनीतिक और सामाजिक साजिश में भी फैली थीं। लाला बिहारी का नेटवर्क फर्जी दस्तावेज़, गैर-कानूनी रजिस्ट्रेशन, और संपत्ति कब्ज़े में माहिर था। पुलिस सूत्रों ने बताया कि वह स्थानीय राजनेताओं और कुछ भ्रष्ट अधिकारियों की शह पर ‘डेमोग्राफिक माफिया’ के रूप में काम कर रहा था।
जब चला बुलडोज़र, गूंजा संदेश
इस ऑपरेशन में लाला बिहारी की 20 लक्ज़री गाड़ियाँ, 200 रिक्शा, और दर्जनों घोड़े जब्त किए गए। इलाके में सैकड़ों मकानों और दुकानों को ढहाया गया, जो अवैध रूप से बनाए गए थे। अहमदाबाद पुलिस आयुक्त ने मीडिया को बताया कि यह अभियान सिर्फ अतिक्रमण नहीं, बल्कि ‘आंतरिक सुरक्षा’ के खिलाफ एक निर्णायक कार्रवाई है।

‘गुजरात मॉडल’ की पुनः चर्चा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मुख्यमंत्री कार्यकाल से ही गुजरात में ऐसे अभियानों की परंपरा रही है, लेकिन मौजूदा ऑपरेशन ने राज्य प्रशासन की संकल्पशक्ति को फिर से राष्ट्रीय फोकस में ला दिया है। यह सिर्फ एक जमीन का मामला नहीं, बल्कि ‘भारत की जनसंख्या और पहचान’ की लड़ाई का हिस्सा बन चुका है।
संदेश साफ है:
अगर आप कानून के खिलाफ हैं, अगर आप भारत की सांस्कृतिक और धार्मिक संरचना से खेलने की कोशिश करेंगे—तो बुलडोज़र आपका इंतज़ार कर रहा है।
Amitendra Sharma is a digital news editor and media professional with a strong focus on credible journalism, public-interest reporting, and real-time news coverage. He actively works on delivering accurate, fact-checked, and reader-centric news related to Uttarakhand, governance, weather updates, and socio-political developments.