मथुरा/वृंदावन –
संत समाज में खौलता आक्रोश, प्रेमानंद महाराज को सोशल मीडिया पर मिली धमकी के बाद वृंदावन का माहौल गरमा गया है। ब्रजवासियों और संतों की भावनाएं इस कदर आहत हुई हैं कि अब उन्होंने खुलकर ऐलान कर दिया है – “ब्रज की शान को आंख दिखाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा!”
पूरा मामला मध्यप्रदेश के सतना जिले से जुड़ा है, जहां एक युवक ने फेसबुक पर संत प्रेमानंद महाराज को लेकर बेहद आपत्तिजनक और धमकी भरी भाषा का प्रयोग किया। युवक ने लिखा – “अगर महाराज मेरे घर के बारे में बोलते, तो गर्दन उतार लाता, फिर चाहे वो प्रेमानंद हो या कोई और!”
यह पोस्ट जैसे ही वायरल हुआ, वृंदावन के संत समुदाय में तूफान सा आ गया। संतों ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा – “महाराज ब्रज की आत्मा हैं। उन पर उंगली उठाना, पूरे संत समाज का अपमान है। हम चुप नहीं बैठेंगे। जरूरत पड़ी तो उनके लिए पहली गोली खाने को भी तैयार हैं!”
प्रेमानंद महाराज का बयान बना कारण
दरअसल, प्रेमानंद महाराज ने हाल ही में एक बयान में कहा था – “100 में से 2-4 लड़कियां ही आज के समय में पवित्र हैं।” यह बयान सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ और विरोध के सुर उठे। हालांकि, इस पर महाराज ने कोई सफाई नहीं दी, लेकिन सतना के युवक की खुलेआम धमकी ने मामला और भड़का दिया।
संत समाज ने दी खुली चेतावनी
श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष ने कहा –
“प्रेमानंद महाराज हमारे आदर्श हैं, हमारी अस्मिता हैं। उनके लिए इस प्रकार की भाषा और धमकी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यह ब्रज और आस्था पर हमला है। यदि प्रशासन ने कड़ा कदम नहीं उठाया तो संत समाज सड़कों पर उतर जाएगा।”
मामला अब सिर्फ धार्मिक नहीं, भावनात्मक भी
वृंदावन के संतों और भक्तों के लिए यह अब केवल प्रेमानंद महाराज का नहीं, बल्कि पूरे ब्रज की प्रतिष्ठा का सवाल बन गया है। संतों की यह चेतावनी दर्शाती है कि अब सोशल मीडिया की भाषा पर लगाम जरूरी हो गई है, खासकर जब बात धर्मगुरुओं और संतों की मर्यादा की हो।
प्रशासन की भूमिका पर सवाल
संत समाज यह भी जानना चाहता है कि क्या ऐसे मामलों में प्रशासन त्वरित कार्रवाई करेगा? क्या फेसबुक पर खुलेआम धमकी देना अपराध नहीं? संतों ने इस युवक के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है और चेतावनी दी है कि अगर जल्द कोई कदम नहीं उठाया गया तो स्थिति हाथ से निकल सकती है।
