दुनिया पर फिर मंडराया कोरोना का खतरा! 25 राज्यों में फैला ‘Cicada’ वेरिएंट, एयरपोर्ट्स पर हाई अलर्ट

वाशिंगटन/नई दिल्ली:

दुनिया अभी पिछले खतरों से संभली ही थी कि कोरोना वायरस के एक बेहद खतरनाक और ‘अत्यधिक उत्परिवर्तित’ (Heavily Mutated) रूप ने दस्तक दे दी है। वैज्ञानिकों ने इसे BA.3.2 नाम दिया है, जिसे आम बोलचाल में ‘सिकाडा’ (Cicada) वेरिएंट कहा जा रहा है। अमेरिका के 25 राज्यों और 3 प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर इसकी पुष्टि होने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है।

क्या है यह ‘सिकाडा’ वेरिएंट और क्यों है इतना चर्चा में?

Cicada

सिकाडा (Cicada ) एक ऐसा कीट है जो लंबे समय तक जमीन के नीचे छिपा रहता है और अचानक बाहर आता है। ठीक उसी तरह, यह वेरिएंट 2024 के अंत में पहली बार दक्षिण अफ्रीका में देखा गया था, जिसके बाद यह गायब हो गया। अब यह एक नए और अधिक शक्तिशाली रूप में वापस लौटा है।

70 से अधिक म्यूटेशन: इम्यून सिस्टम के लिए बड़ी चुनौती
विशेषज्ञों के अनुसार, सिकाडा वेरिएंट के स्पाइक प्रोटीन में 70 से 75 से अधिक म्यूटेशन (उत्परिवर्तन) पाए गए हैं। यह संख्या पिछले सभी वेरिएंट्स (जैसे ओमिक्रॉन या JN.1) की तुलना में बहुत अधिक है। इतने अधिक बदलावों का मतलब है कि यह वायरस हमारे शरीर की इम्यूनिटी और पुरानी वैक्सीनों द्वारा बनाई गई एंटीबॉडीज को चकमा देने में अधिक सक्षम हो सकता है।

एयरपोर्ट्स और 25 राज्यों में मिला संक्रमण

Cicada

CDC (Centers for Disease Control and Prevention) की रिपोर्ट के अनुसार, इस वेरिएंट की पहचान केवल मरीजों में ही नहीं, बल्कि वेस्टवॉटर (सीवेज) के नमूनों में भी हुई है।
* एयरपोर्ट सर्विलांस: अमेरिका के 3 बड़े अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर विमानों के अपशिष्ट जल और यात्रियों के रैंडम नेज़ल स्वैब टेस्ट में इस वेरिएंट के निशान मिले हैं।
* प्रसार की गति: अब तक यह अमेरिका के 25 राज्यों में फैल चुका है, जिससे यह साफ है कि इसका कम्युनिटी स्प्रेड शुरू हो चुका है।
क्या यह वेरिएंट पिछले वेरिएंट्स से ज़्यादा खतरनाक है?
फिलहाल, वैज्ञानिक इस बात का अध्ययन कर रहे हैं कि क्या ‘सिकाडा’ लोगों को अधिक बीमार बना रहा है। शुरुआती डेटा के अनुसार:
* संक्रामकता: यह वेरिएंट पहले के मुकाबले तेज़ी से फैल सकता है।
* लक्षण: इसके लक्षण पिछले कोरोना वेरिएंट्स जैसे ही हैं—तेज़ बुखार, थकान, गले में खराश और सांस लेने में हल्की तकलीफ।
* वैक्सीन का असर: शोधकर्ता अब 2025-26 के लिए अपडेटेड वैक्सिनेशन की प्रभावशीलता की जांच कर रहे हैं।
भारत के लिए क्या है संकेत?
भारत में अभी तक इस वेरिएंट का कोई बड़ा क्लस्टर सामने नहीं आया है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय उड़ानों और वैश्विक प्रसार को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने निगरानी बढ़ाने की सलाह दी है।

IIT Roorkee का बड़ा वैज्ञानिक ब्रेकथ्रू : अगली पीढ़ी का एंटीबॉडी खोज मंच, स्वास्थ्य नवाचार में भारत को नई बढ़त

बचाव के उपाय
* सार्वजनिक और भीड़भाड़ वाली जगहों पर मास्क का प्रयोग करें।
* यदि आपने हाल ही में अंतरराष्ट्रीय यात्रा की है, तो लक्षणों पर नज़र रखें।
* अपनी इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए संतुलित आहार और योग को दिनचर्या में शामिल करें।

CovidUpdate #CicadaVariant #BA32 #HealthAlert #BreakingNews #NewVariant #PandemicWatch |

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *