मोदी का ऐतिहासिक संदेश: काशी से गंगा जल लाकर तमिलनाडु के गंगैकोंडा चोलपुरम मंदिर में अर्पित

तमिलनाडु की ऐतिहासिक धरती पर एक ऐसा पल दर्ज हुआ, जिसने भारतीय इतिहास, संस्कृति और एकता को एक बार फिर जीवित कर दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने काशी से पवित्र गंगा जल लेकर 1000 साल पुराने गंगैकोंडा चोलपुरम मंदिर के कुएं में अर्पित किया — यह एक ऐसा ऐतिहासिक क्षण है जो दक्षिण और उत्तर भारत के सांस्कृतिक संबंधों को नई ऊंचाई देता है।

चोल सम्राट राजेंद्र प्रथम की याद में

यह आयोजन केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि भारतीय इतिहास के स्वर्णिम अध्याय को फिर से जीवंत करने का प्रयास था। 11वीं शताब्दी में चोल सम्राट राजेंद्र प्रथम ने गंगा अभियान के अंतर्गत उत्तर भारत से गंगा जल लाकर तमिलनाडु में स्थापित गंगैकोंडा चोलपुरम मंदिर के कुंड में डाला था। यह उनके अद्वितीय समुद्री, सैन्य और सांस्कृतिक विस्तार का प्रतीक था।

अब एक हज़ार वर्षों के बाद, प्रधानमंत्री मोदी ने उसी परंपरा को पुनर्जीवित किया — काशी (वाराणसी) से गंगा जल लाकर उसी ऐतिहासिक स्थल पर चढ़ाया। इससे यह स्पष्ट संदेश गया कि भारत की एकता केवल भाषाओं या सीमाओं में नहीं, बल्कि हमारी सांस्कृतिक आत्मा में बसती है।

राष्ट्र की सांस्कृतिक अखंडता का प्रतीक

यह कदम दक्षिण भारत और उत्तर भारत के बीच सांस्कृतिक पुल को और मजबूत करता है। मोदी का यह प्रयास न केवल ऐतिहासिक विरासत को सम्मान देने का कार्य है, बल्कि यह राष्ट्र के सांस्कृतिक पुनरुत्थान की दिशा में एक प्रतीकात्मक लेकिन शक्तिशाली पहल है।

प्रधानमंत्री ने इस मौके पर चोल साम्राज्य की गौरवशाली समुद्री शक्ति, स्थापत्य कौशल और धर्मनिष्ठा को याद किया। गंगैकोंडा चोलपुरम मंदिर, जो कि यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थलों में शामिल है, भारत के स्थापत्य और सांस्कृतिक वैभव का जीता-जागता उदाहरण है।

भारत के लिए गर्व का क्षण

यह ऐतिहासिक जल अर्पण न केवल एक धार्मिक कार्य था, बल्कि एक राष्ट्रीय भावना का विस्फोट था। यह दिखाता है कि कैसे एक प्राचीन परंपरा को आज के नेतृत्व में नई ऊर्जा और उद्देश्य के साथ जीवित किया जा सकता है।

यह कार्यक्रम भारत के उन भूले-बिसरे इतिहास को फिर से सामने लाने का प्रयास है, जिन पर हमें गर्व होना चाहिए। प्रधानमंत्री मोदी ने अपने इस प्रतीकात्मक कार्य के माध्यम से भारत की सांस्कृतिक गहराई, ऐतिहासिक चेतना और अखंडता का अद्वितीय संदेश दिया।

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